13 January 2013

एक शाम प्रीती शेनॉय के साथ

 मेरे पिछले पोस्ट में मैंने तीन बिस्किट्स के बारे में बातें कहीं है जो एक दुसरे से बिलकुल अलग स्वाद रखते हैं। उनमे से दो आप यहाँ पढ़ सकते हैं :: प्रकृति के साथ एक मुलाकात :: नंदी हिल्स

पोस्ट के अंत में मैंने तीसरे बिस्किट के बारे में बताया है। ये एक ख़ास अवसर था एक बहुत बड़ी लेखिका या ऑथर से मिलने का जिनका नाम प्रीती शेनॉय है। वो रेजीडेंसी रोड पर स्थित सपना बुक हाउस में आई थीं। उनसे मिलने के बाद मुझे महसूस हुआ कि मेरा जाना सार्थक रहा और मैंने हमारे वार्तालाप के हर एक हिस्से को बहुत एन्जॉय किया।

अगर मैं प्रीती शेनॊय की बात करू तो वो तीन National Bestsellers बुक्स की लेखिका हैं और उनकी चौथी बुक अभी हाल ही में आई है। उन्हें उनकी किसी भी कहानी को कहने की उत्कृष्ट क्षमता की वजह से जाना जाता है और उनके कई सारे interviews अलग अलग अखबारों में छप चुके हैं। ये अवसर उनसे व्यक्तिगत तौर पर मिलने का और उनकी चौथी बुक The Secret Wishlist (द सीक्रेट विशलिस्ट) के बारे में जानने का अवसर था।

नंदी हिल्स से उसी दिन दोपहर 3 बजे आने के बाद भी मैं उनसे मिलना चाहती थी। मैंने उनकी सारी बुक्स पढ़ी हैं और सारी पसंद भी की हैं खासतौर पर तीसरी बुक 'Tea for two and a piece of cake". मेरे पास अपने सारे काम ख़तम करने के लिए थोडा ही समय था जिसे मैंने जल्दी जल्दी किया। फिर मेरे हस्बैंड और मेरा बेटा जाने के लिए तैयार हुए। मुझे पता नहीं था कि प्रीती मैम से मिलने के बाद कैसा लगेगा। इसी सोच विचार में हमने फिर से अपने घर को शाम 5.45 पर छोड़ा। मेरे पति बहुत ही थक गए थे दिन भर के ट्रिप के बाद मगर वो मेरे लिए चलने को तैयार हो गए।

मैंने इस बात को महसूस किया और उनके धन्यवाद दिया रास्ते में। ये उनके लिए आश्चर्यजनक था। मगर मैंने कहा कि अब जबकि आपको आराम की बेहद ज़रुरत है तब भी आप मुझे ले जा रहे हैं, इसी के लिए धन्यवाद। वो मुस्कुराए और कहा कि मेरी ख़ुशी उनके लिए मायने रखती है। छोटे छोटे थैंक यूज़ और सौरिज़ रिश्ते को मजबूत बनाते हैं। जब आपके पार्टनर को इस बात का एहसास हॊत है कि आपको खुश रखने के लिए वो जो भी काम कर रहे हैं उसे आप सराहते हैं तो उन्हें अच्छा महसूस होता है।

जब हम सपना पहुंचे तो प्रीती शेनॉय अपने पति सतीश शेनॉय के साथ पहुँच चुकी थी। हम उपर गए जहाँ वो अपने प्रशंसकों के साथ बैठी थीं। हम सभी उनसे मिले और उन्होंने ने भी हमसे अच्छे ढंग से बात की। मैंने उन्हें बताया कि मैंने उनकी सारी बुक्स पढ़ी हैं और मुझे सब पसंद आये खासतौर पर तीसरी बुक, तो उन्हें बहुत अच्छा लगा सुनकर और धन्यवाद दिया। तब हमने बातचीत करनी शुरू की और एक जिज्ञासु इंसान होने के नाते मैंने कुछ सवाल पूछे। जब उन्हें इस बात का पता चला कि मैं दो ब्लॉग लिखती हूँ; एक Hindi में और दूसरा English में; तो उन्हें आश्चर्य हुआ। उन्होंने इसके लिए मेरी सराहना भी की। वो खुद भी एक बहुत अच्छी ब्लॉगर हैं।

बातचीत के दौरान उनके और भी प्रशंशक आये और तब उन्होंने पहले से तैयार किया हुआ स्पीच दिया जो कि बहुत अच्छा था।उन्होंने अपनी चौथी बुक को लिखने के पीछे की प्रेरणा को भी बताया। स्पीच के बाद कुछ और सवाल उनसे पूछे गए जिसका जवाब उन्हॊने बहुत खूबसूरती से दिया। मेरे एक सवाल "किसी आलोचना को किस तरह से deal करना चाहिए?" का जवाब देते समय उन्होंने एक बहुत ही समझदारी और दिल को छू लेने वाला जवाब दिया कि -- "अगर आपको आपके बुक के लिए सिर्फ और सिर्फ तारीफ ही मिल रही है तो इसका मतलब है कि आपकी बुक बहुत लोगों के पास नहीं पहुँच रही है". यह जवाब बहुत ही व्यवहारिक लगा मुझे। उसके बाद पूरा वार्तालाप अविरल धारा की तरह चलता रहा।


Preeti Shenoy अपना स्पीच देते हुए



हम सभी के बीच एक और ऑथर बैठे हुए थे। वो दो-चार पंक्तियों की रचना यानी कि couplets लिखते हैं और उनके हजारों कप्लेट्स एक बेहद ही मोटी सी किताब में पब्लिश भी हुए हैं। हमें वो बुक को देखने का मौका मिला। उनके कुछ कप्लेट्स बहुत ही सुंदर और प्रेरणा से भरपूर थे। वो ज़िन्दगी के अनुभव से भरे हुए लगे। उनका नाम या व्यवसाय मुझे याद तो नहीं मगर किसी भी इंसान का काम ही उसे पहचान दिलाता है और शायद यही वजह है कि वो मुझे अभी भी याद हैं। उनसे मिलने का मौका नहीं मिला क्योंकि वो जल्द ही चले गए थे।

प्रीती मैम से बात करने के बाद हम सभी को उनके साथ पिक्चर्स लेने का मौका मिला ::

मैं और Preeti Shenoy

उनसे मिलने के बाद लगा कि वो एक बहुत ही अच्छी इंसान हैं। वो बहुत अनुभवी और कड़ी मेहनत करने वाली महिला हैं। उन्होंने अपने जीवन के कुछ रोचक किस्सों को भी सुनाया। उनके शब्दों को सीधे उन्ही से सुनने की बात ही और थी। अंत में मैंने उनकी चौथी बुक खरीदी और उन्ही से sign भी करवा ली। उनके साथ बिताया हुआ समय काफी अच्छा रहा और मेरी शुभ कामनाएं उनके साथ हैं।

बाद में घर आने के बाद नारीजाति के लिए एक और बढ़िया बात होने वाली थी जब सन्मीत कौर ने कौन बनेगा करोडपति सीजन 6 में 5 करोड़ रुपये जीते। वो एक हाउसवाइफ हैं और एक tutor  भी। उन्होंने बहुत ही विश्वास के साथ खेला। प्रीती शेनॉय और सन्मीत कौर जैसी महिलाएं उन धागों को मजबूत करती हैं जो हम नारियों को एक दुसरे से जोड़े रखता है और ये एक बहुत ही उम्दा बात है।

इसी पोस्ट को ENGLISH में यहाँ पढ़ें :: An evening with Preeti Shenoy









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